नई दिल्ली। सीबीआई विवाद में सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने कहा कि आज हमने पार्टी की ओर से बड़े सवाल पूछें हैं। लाखों छोटे निवेशकों को धोखा दिया गया और उनके पैसे लूट लिए गए। क्या उनकी जांच का हमारा नैतिक दायित्व नहीं है? ममता जी इस पर चुप क्यों हैं? अन्य राजनीतिक दल इस पर चुप क्यों हैं? केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट का यह आदेश साजिश और धन शोधन के मामले जांच के लिए दिया था। यह जांच निष्पक्ष तरीके से होनी चाहिए। इसका राजनीतिकरण न करें। आपको बता दें कि इससे पहले सीएम ममता बनर्जी ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले को अपनी नैतिक जीत बताया है। उन्होंने कहा था कि सुप्रीम कोर्ट का फैसला नैतिक जीत है, बंगाल की जीत है, हमारी और आपकी जीत है।
अपहरणकर्ता को गिरफ्तार करने बिहार पहुंची दिल्ली पुलिस खुद हुई गिरफ्तार, जानें क्या है मामला
Union Min RS Prasad: This order was given by SC to investigate the conspiracy angle & also money laundering angle. This investigation must be done in a fair manner. Let's not politicise it. This is a great moral victory for CBI . https://t.co/ddzBmQGCEv
— ANI (@ANI) February 5, 2019
राहुल बोले— इंदिरा से मोदी की तुलना गलत, उत्तर प्रदेश हीं नहीं समूचे देश में होगी प्रियंका की भूमिका
आपको बता दें कि इससे पहले केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए सोमवार को कहा था कि कोलकाता पुलिस आयुक्त राजीव कुमार को बचाया जा रहा है, क्योंकि वह कई राज जानते हैं। उन्होंने कहा कि पोंजी घोटाला मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) के अधिकारियों के काम में बाधा डाला जा रहा है।
Union Min RS Prasad: Today we've to ask larger questions on behalf of the party. Lakhs of small investors were cheated&looted off their money. Is it not our moral obligation for an investigation? Why is Mamata ji silent on this? Why are the other political parties silent on this? pic.twitter.com/vOQmdEv8kb
— ANI (@ANI) February 5, 2019
ममता पर मोदी सरकार की कार्रवाई पर आज जुटेगा विपक्ष, बैठक में लिया जाएगा सामूहिक फैसला
यहां मीडिया को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा था कि वह एक आईपीएस अधिकारी की गिरफ्तारी को लेकर क्यों इतनी घबराई हुई हैं? इस पूरी संदिग्ध परिस्थिति से स्पष्ट संकेत मिलता है कि आयुक्त काफी कुछ जानते हैं। इसलिए उनको बचाया जा रहा है। केंद्रीय मंत्री ने बदले की राजनीति के आरोपों को खारिज किया और कहा कि चिटफंड घोटाला नरेंद्र मोदी सरकार के सत्ता में आने से पहले उजागर हुआ और सीबीआई ने सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश पर मामले में जांच शुरू की।
from Patrika : India's Leading Hindi News Portal http://bit.ly/2D7EV0e
एक टिप्पणी भेजें